वाराणसी केसरवानी समाज के गौरव, संघर्ष और कठिनाइयों से अपने जीवन की शुरुवात करने वाले स्व. राजाराम केसरवानी के पुत्र के रूप में वाराणसी में जन्म (9th Dec 1954 )एवं अपनी शिक्षा- दीक्षा पूर्ण करने के बाद अपने जीवन के पुरुषार्थ को प्रारम्भ करने के लिए मैंने अपने लकड़ी के व्यवसाय को चुना। अथक मेहनत और संघर्ष के उपरान्त टिंबर मर्चेंट के रूप में प्रतिष्ठित हुआ। आज इसके अतिरिक्त प्लाईवुड पीवीसी पाईप की फैक्ट्री के साथ प्रभु कृपा एवं अपने पूर्वजों के आशीर्वाद से व्यवसायरत हूं। युवावस्था से ही सामाजिक कार्यक्रमों का हिस्सा रहा और सामाजिक सेवा में मेरे कदम स्वत: बढ़ते गए।
फलत: केसरवानी बनारस नगर सभा का कोषाध्यक्ष, आजीवन ट्रस्टी केसरवानी धर्मशाला वाराणसी, पूर्व उपाध्यक्ष उ. प्र. केसरवानी वैश्य सभा ट्रस्टी, अखिल भारतीय केसरवानी वैश्य वेलफेयर ट्रस्ट एवं इसी ट्रस्ट का उपाध्यक्ष, सम्प्रति ऑडिटर वेलफेयर ट्रस्ट, तथा अखिल भारतीय केसरवानी वैश्य महासभा का उपाध्यक्ष पुनः इसी महासभा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष के रूप में सक्रियता के साथ जुड़ा हूं एवं इस महासभा का आजीवन सदस्य हूं।